शशांक प्रताप सिंह
ओडगी - सूरजपुर जिले के ओड़गी विकास खंण्ड अंतर्गत ग्राम पंचायत पालदनौली मे आदिवासीय बच्चो को अच्छी शिक्षा के उद्देश्य से शासन के द्वारा आवासीय विद्यालय भवन का निर्माण करा रही है लेकिन इस भवन निर्माण मे भारी अनियमितताओ पर विभागीय लापरवाही के भी आरोप लग रहे है। स्थानीय ग्रामीणो का आरोप है कि ठेकेदार के द्वारा घटिया स्तर का मटेरियल उपयोग किया जा रहा है नियमो से हटकर ठेकेदार खुलेआम अपनी मनमानी कर रहा है ठेका शासन ने किसी और को दिया कार्य पेटी कांट्रैक्टर के भरोसे चल रहा है उक्त कार्य हरियाणा के किसी कंपनी को मिला है लेकिन प्रशासनिक लापरवाही का खामियाजा है कि करोड़ों का भवन पेटी कांट्रैक्टर के भरोसे चल रहा है।
नियम से हटकर चल रहा निर्माण कार्य-
एकलव्य आवासीय विद्यालय के भवन निर्माण का कार्य स्टीमेट से हटकर चल रहा है जहां ठेकेदार के द्वारा लोकल फ्लाइ एस ईट का भवन निर्माण मे खुलेआम उपयोग किया जा रहा है। स्थानीय मजदूरो ने भी बताया कि इस निर्माण कार्य मे जो ईट लग रहे है वह निम्न स्तर का है जो गाडी से ऊतारते ही टूट जा रहे है बात सीमेंट का करे तो निम्न ग्रेड का सीमेंट व छड का ऊपयोग किया जा रहा है बताया जाता है कि ठेकेदार दिखाने को कुछ और व कार्य मे कुछ और मटेरियल ऊपयोग कर रहा है। जिससे साफ होता है कि विभागीय साठगांठ से करोड़ो के भवन निर्माण मे खुलेआम भ्रष्टाचार किया जा रहा है जिस कारण इस ओर विभाग ध्यान नही दे रहा है।
विभागीय इंजीनियर सो रहे निजी इंजीनियर के भरोसे चल रहा भवन निर्माण-
स्थानीय ग्रामीणों व गांव के सरपंच का आरोप है कि निर्माण कार्य मे विभागीय इंजीनियर की नियमित निगरानी नही होती है उनके अनुसार अधिकांश समय कार्य निजी इंजीनियर की देखरेख मे कराया जा रहा है। जिससे गुणवत्ता नियंत्रण प्रभावित हो रहा है। उन्होंने पूरे निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कराए जाने और निर्माण सामग्री की गुणवत्ता की प्रयोगशाला परिक्षण की मांग की है।
करोड़ो का कार्य सूचना पटल गायब क्यू -
ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि करोड़ो रूपये की इस परियोजना के बावजूद निर्माण स्थल पर आज तक सूचना पटल नही लगाया गया है। इससे परियोजना की स्वीकृत लागत, निर्माण एजेन्सी, कार्य अवधि तथा संबंधित अधिकारीयो की जानकारी सार्वजनिक नही हो पा रही है। ग्रामीण व जनप्रतिनीधीयो ने इसे पारदर्शिता के विपरीत बताते हुए तत्काल सूचना पटल लगाए जाने कि मांग की है।
पूर्व की जांच पर उठ रहे सवाल-
पूर्व मे जिला कलेक्टर के पास हुए शिकायत के आधार पर सूरजपुर कलेक्टर ने भैयाथान एसडीएम को निर्देश किया था कि उच्च स्तरीय जांच समिति बना कर एकलव्य आवासीय विद्यालय भवन निर्माण का स्थल पर गुणवत्ता को लेकर जांच करने को आदेशित किया जिसके बाद भैयाथान एसडीएम ने जांच टीम बना कर स्थल का निरीक्षण करने 08 जनवरी 2026 को ओड़गी के पालदनौली पहुंची लेकिन जांच टीम मे ऐसे व्यक्तीयो को रखा गया जिसको कंस्ट्रक्शन के संबंध मे कोई जानकारी ही नही है वही जांच के संबंध मे एसडीएम भैयाथान से उस वक्त पत्रकारो के द्वारा पूछा गया तो उन्होने कैमरे के सामने कुछ बोलने से ही मना कर दी।
जिससे साफ होता है कि उक्त जांच ग्रामीणों व शिकायत कर्ता को गुमराह करने के उद्देश्य से किया गया था।
पूर्व विधायक करेंगे आंदोलन-
दो वर्ष से कछुए की चाल मे चल रहे एकलव्य आवासीय विद्यालय भवन का निर्माण कार्य व गुणवत्ता विहीन हो रहे कार्य को लेकर नाराज पूर्व विधायक पारसनाथ राजवाड़े ने आंदोलन कि चेतावनी दी है उन्होने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के गरीब आदिवासी बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। निर्माण कार्य मे गुणवत्ता से समझौता किया जा रहा है यह बेहद गंभीर व भविष्य मे बच्चो के लिए खतरा हो सकता है। अगर प्रशासन कुछ नही करती है तो हम आदोलन करने को बाध्य होगें। उन्होने आरोप लगाया कि ठेकेदार की मनमानी के कारण निर्माण कार्य मे गुणवत्ता विहीन कार्य हो रहा है उन्होने कहा कि विभागीय इंजीनियर की नियमित मौजूदगी नही होना भी संदेह पैदा करता है।अगर निर्माण कार्य का तत्काल उच्च स्तरीय जांच व कार्य मे सुधार नही किया गया तो क्षेत्रवासियों के साथ आंदोलन किया जाएगा।



