बिलासपुर। किसानों , जर्जर सङ्को , बिजली बिल में बढ़ोतरी , रजिस्ट्री फ़ीस में बेतहाशा बढ़ोतरी व छोटे प्लाटो की रजिस्ट्री में रुकावट , ग़रीबो केमकान में बुलडोजर चलना व आम लोगों के समर्थन में पांच सूत्रीय मांग को लेकर तत्कालीन जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विजय केशरवानी व शहरअध्यक्ष विजय पांडेय की अगुवाई में हुए जन आंदोलन में कलेक्टोरेट घेराव व कांग्रेस द्वारा हल्ला बोल के दौरान सीएम की पोस्टर के साथ बदसुलूकीका आरोप लगाते हुए भारतीय जनता युवा मोर्चा ने सिविल लाइन थाने का घेराव कर दोनों जिलाध्यक्षों के खिलाफ एफआईआर की मांग की थी।युवा मोर्चा के दबाव में सिविल लाइन पुलिस ने जिलाध्यक्षों के खिलाफ एफआइआर दर्ज किया था। जिसके विरोध में आज कांग्रेसजनों ने विरोध रैलीनिकालकर जमकर खिलाफत की। कांग्रेस भवन से हज़ार से भी जादा की संख्या में कांग्रेसजन रैली की शक्ल में सिविल लाइन थाने पहुंचे व थाने काघेराव कर दिया। थाने के बाहर दो घंटे से भी अधिक समय तक बैठकर धरना दिया और एफआइआर का जमकर विरोध किया। सिविल लाइ थाने केबाहर बैठे कांग्रेसजन राज्य की भाजपा सरकार पर जनहित के मुद्दो लेकर हुए आंदोंलेन को कुचलना व जनता का ध्यान भटकाना , बदले की भावना वसे राजनीति करने का आरोप लगाते रहे। पुलिस को जरिया बनाकर शांतिपूर्ण आंदोलन के बाद भी सीएम के पोस्टर के बहाने एफआइआर दर्ज करादी गई। कांग्रेसजनों का आरोप था कि जनहित के मुद्दे पर कांग्रेस के येतिहासिक प्रभावशााली आंदोलन से राज्य की भाजपा सरकार डर गई है।वास्वतिक मुद्दे से जनता का ध्यान भटकाना चाहती है। इसलिए युवा मोर्चा को सामने लाकर इस तरह की दूषित राजनीति खेली गई और एफआइआरकराया गया। एफआइआर के पीछे आगे आने वाले दिनों में कांग्रेस की ओर से होने वाले प्रभावी आंदोलनों को कुचलने का खेल खेला गया है। राज्यसरकार यह जान ले कि कांग्रेस डरने वालों में से नहीं है।
इनकी अगुवाई में निकली रैली
नवनियुक्त शहर अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा, ग्रामीण अध्यक्ष महेंद्र गंगोत्री , तत्कालीन ज़िला अध्यक्ष द्वय विजय केशरवानी,विजय पांण्डेय, मस्तूरीविधायक दिलीप लहरिया, पूर्व विधायक सियाराम कौशिक, रश्मि आशीष सिंह, पूर्व महापौर रामशरण यादव ,पूर्व सभापति शेख नजीरुद्दीन कीअगुवाई में कांग्रेस भवन से विरोध रैली सिविल लाइन थाने के लिए कूच की। कांग्रेस भवन से निकली विरोध रैली में तखतपुर,सकरी ,बिल्हा, तिफरा,सिरगिट्टी, बिलासपुर , बेलतरा,सीपत,मस्तूरी ,मल्हार, रतनपुर, कोटा से हजारों की संख्या में कांग्रेसजन व महिलाएं भी शामिल हुई ।
छावनी में तब्दील हो गया था सिविल लाइन थाना
कांग्रेस के विरोध रैली को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सिविल लाइन थाने को छावनी में तब्दील कर दिया था। थाना परिसर के भीतर और बाहर बड़ीसंख्या में पुलिस के अफसर और जवान तैनात थे। परिसर के बाहर महिला पुलिस कर्मियों की भीड़ भी नजर आई। थाने का गेट बंद कर दिया गया थाऔर गेट के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। कांग्रेसजन थाने के बाहर सड़क पर बैठ गए और धरना प्रदर्शन कर जमकरनारेबाजी की। जिससे थाने के चारो ओर सड़क पर जाम लग गया
एंबुलेंस को दिया रास्ता इसी बीच दो एम्बुलेंस आ गई, सड़क पर बैठे कांग्रेसजनों ने उठ कर रास्ता दिया और फिर सड़क पर बैठकर लगातार आंदोलनकरते रहे। विजय केशरवानी और विजय पांडेय ने दी गिरफ्तारी पुलिस अफसरों की पहल पर तत्कालीन जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विजयकेशरवानी और शहर अध्यक्ष विजय पांडेय अफसरों के साथ थाने गए व अपनी गिरफ्तारी दी। जब तक विजय केशरवानी और विजय पांडेय थानापरिसर में मौजूद रहे तब तक सड़क पर बैठे कांग्रेस जमकर नारेबाजी करते रहे आलम यह था कि कांग्रेस जन दोनों अध्यक्षों के खिलाप fir के विरोध मेंआक्रोश में थे , पूर्ब में नगर निगम के घेराव के दौरान लक्ष्मी साहू व पार्षद गायत्री साहू के खिलाफ एफ़आईआर दर्ज किया गया था. आज इन्होंने भीगिरफ्तारी दी है.
27 नवम्बर का कलेक्टोरेट का घेराव शांतिपूर्ण था। कहीं भी कोई अप्रिय घटना न हुई न संभावना थी। फिर भी पुलिस प्रशासन ने जानबूझ कर वाटरकेनन का प्रयोग किया और तत्कालीन ज़िलाध्यक्षों पर एफआईआर करके डराने की कोशिश की है। कांग्रेसजन डरने वाले नहीं है।
सिद्धांशु मिश्रा, अध्यक्ष शहर कांग्रेस कमेटी बिलासपुर
पुलिसआंदोलन पर एफआईआर करने लगेगी तो फिर आमजन अपनी मांग भी सरकार से नहीं कर सकते। जन मुद्दों पर आंदोलन करना जनता काअधिकार है उसे भी छीनने की कोशिश हो रही है। तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्षों ने जनहित के मुद्दों को लेकर आंदोलन किया था न कि निजी स्वार्थ कोलेकर जो उनका अधिकार है।
महेंद्र गंगोत्री, अध्यक्ष जिला कांग्रेस कमेटी बिलासपुर
जनहित के मुद्दों के लिए हजार बार जेल जाना कुबूल
जनहित के मुद्दों को लेकर हमने प्रभावी आंदोलन किया था। आंदोलन में उमड़ी भीड़ को देखकर भाजपा के स्थानीय नेताओं के हाथ पांव फूल गए थे।वे इसे पचा नहीं पाए। दो साल की भाजपा सरकार के कामकाज जनता के सामने है। ना सड़क बनी और ना ही लोगों को सुविधाएं मिल रही है।कांग्रेस सरकार ने बिजली आधा कर दिया था,उसे खत्म कर जनता पर आर्थिक बोझ डालने का काम भाजपा सरकार ने किया है। इन मुद्दों को लेकरहमने प्रभावी आंदोलन किया। जनता के मुद्दों को हम बार-बर उठाते रहेंगे। इसके लिए अगर जेल भी जाना पड़े तो वह भी कुबूल है।
विजय केशरवानी, निर्वतमान जिला अध्यक्ष बिलासपुर
ऊंची दुकान फीका पकवान है।
भाजपा की केंद्र और राज्य सरकारें ऊंची दुकान फीका पकवान है। हर क्षेत्रो में असफल है, इसलिए अपनी कमजोरियों को छिपाने के लिए विपक्ष परएफआइआर करा रही है। कल दुर्ग में भी कांग्रेसियों पर लाठी चार्ज किया गया। जबकि एसआइआर में लगे बीएलओ पर प्रशासन और भाजपा केनेताओं द्वारा दबाव बनाना गलत है। जिसकी शिकायतें लगातार कांग्रेस कमेटी को मिल रही है। देश मे 30 से अधिक बीएलओ ने आत्महत्या करलिया है। बीएलओ अपना काम कर रहे हैं उन्हें दिन और घण्टे का टारगेट देना गलत है। विजय पांडेय, निवर्तमान शहर अध्यक्ष बिलासपुर मस्तूरीविधायक दिलीप लहरिया ने कहा कि भाजपा सरकार समर्थन मूल्य की बात की पर केंद्र सरकार द्वारा समर्थन मूल्य वृद्धि का लाभ किसानों नही दे रहीऔर 3100 की दर पर खरीद रही है ,विष्णुदेव सरकार की मंशा किसानों का धान लेने की नही है ,खरीदी केंद्रों में अव्यवस्था से किसान परेशान है,समय पर टोकन न मिलना , हजारों किसानों का पंजीयन न होने से वे चिंतित है , लहरिया ने कहा कि भूपेश सरकार थी तो एक भी धान बरसात मेंसड़ता नही था किंतु भाजपा सरकार ने पिछले वर्ष के ही धान का उठाव नही कर सकी और करोड़ो के धान सड़ गए ,लहरिया ने कहा कि खरीदी केंद्रोंमें कार्यरत कर्मचारियों को भूपेश सरकार ने जो सुविधा दी थी उसे इस सरकार ने कमी करके कर्मचारियों के साथ अन्याय की है ।
ऐसे मुद्दों पर शांति पूर्ण आंदोलन करने पर एफआईआर करना लोक तंत्र को खत्म करना है।
गिरफ्तारी देने शहर अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा,ग्रामीण अध्यक्ष महेंद्र गंगोत्री, तत्कालीन ग्रामीण अध्यक्ष विजय केशरवानी ,पूर्व शहर अध्यक्ष विजयपांण्डेय, विधायक दिलीप लहरिया, पूर्व विधायक श्रीमती रश्मि आशीष सिंह, सियाराम कौशिक,पूर्व महापौर रामशरण यादव,राजेन्द्र साहू,पूर्वसभापति शेख नजीरुद्दीन, प्रदेश महामंत्री देवेंन्द्र सिंह,स्वप्निल शुक्ला,नेता प्रतिपक्ष भरत देवांगन,रमाशंकर बघेल,जितेंद पांण्डेय,नरेंद्र बोलर, राकेशशर्मा, ऋषि पांण्डेय, समीर अहमद धर्मेश शर्मा,राजेन्द्र धीवर,लक्ष्मीनाथ साहू, बिहारी देवांगन,जावेद मेमन,विनोद साहू,गीतांजलि कौशिक,शेरूअसलम,राजू यादव,मोह अयूब, मोती ठारवानी,सीमा घृतेश,शिल्पी तिवारी, गायत्री लक्ष्मीनाथ साहू,स्वर्णा शुक्ला,सतकली बावरे,अन्नपूर्णाध्रुव,अब्दुल इब्राहिम,पुष्पेंद्र साहू,अमित भारते,सुनील सोनकर,मोहन श्रीवास,ओम कश्यप,शंकर कश्यप,सीताराम जायसवाल, अमित यादव,मनीषगढेवाल,परदेशी राज,पवन साहू,विकास सिंह, आदिल खैरानी, सैय्यद इमरान,कमलेश दुबे,राजा व्यास,मकसूद अली, करम गोरख,आदेशपांण्डेय,कमल गुप्ता,चन्द्रकांत सोनी,चंद्रहास केशरवानी,आकाश यादव,दीपक रजक,रवि रावत,नीरज जायसवाल,बजरंग बंजारे,रामप्रसाद साहू,सुरेंद्रतिवारी,अंकित प्रजापति,हितेश देवांगन,लक्की मिश्रा,लक्की यादव,शैलेन्द्र मिश्रा,मनोज सिंह, बबलू मगर, देवदत्त शर्मा,दिनेश सूर्यवँशी,बंटीसाहू,सुजीत यादव, अमित तिवारी, जीतू यादव,बंटी सिंह,बालचन्द साहू, मनीष सेंगर, साखन दरवे, डिकेश डहरिया, अनस खोखर, अनिलपांण्डेय,हरमेन्द्र शुक्ला,शाहनवाज़ खान,मनोज सिंह,वेद यादव,वीरेंद्र सारथी,अयाज़ खान,रमजान गौरी,सोहराब खान,प्रशांत पांण्डेय,राहुल दुबे,हेरिडेनिएल,शेख आज़म ,शुभलक्ष्मी सिंह,सन्दीप बाजपाई,संजय यादव,राकेश हंस,देवेंन्द्र मिश्रा,चित्रकान्त श्रीवास,आशीष शर्मा,अमित पांण्डेय आदिउपस्थित थे।